सूरजपुर। छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले में एक ऐसा मामला सामने आया है जिसने पूरे इलाके को हैरान कर दिया है। बोकराटोला गांव में एक बकरी ने ऐसे बच्चे को जन्म दिया, जिसे देखकर हर कोई दंग रह गया।
यह विचित्र दृश्य देखते ही गांव के लोग दौड़े-दौड़े मौके पर पहुंच गए। कुछ ही घंटों में यह खबर पूरे इलाके में फैल गई और लोग मोबाइल से तस्वीरें खींचने लगे।
दूरस्थ क्षेत्र आश्रित ग्राम बोकराटोला में उस समय ग्रामीणों में जिज्ञासा फैल गई जब रामकेश साहू के घर की बकरी ने एक साथ दो बच्चों को जन्म दिया। इनमें से एक बच्चा सामान्य रूप से स्वस्थ है, जबकि दूसरा बच्चा आठ पैर, तीन कान और दो कमर के साथ पैदा हुआ। ग्रामीणों के अनुसार, बकरी का पहला बच्चा पूरी तरह से सामान्य है, उसके चार पैर सुरक्षित हैं। वहीं दूसरा बच्चा असामान्य रूप से विकसित हुआ था और जन्म के कुछ ही देर बाद उसकी मृत्यु हो गई।
घटना चांदनी बिहारपुर क्षेत्र के कोल्हूआ गांव के आश्रित ग्राम बोकराटोला की है, जहां रामकेश साहू के घर की बकरी ने यह असामान्य बच्चे को जन्म दिया। लेकिन दुर्भाग्य से, जन्म के कुछ ही देर बाद उस बच्चे की मौत हो गई।
गांव के लोगों के लिए यह घटना किसी आश्चर्य से कम नहीं रही। कोई इसे प्रकृति का करिश्मा बता रहा है तो कोई भगवान की लीला। लेकिन वैज्ञानिक दृष्टिकोण से देखें तो मामला बेहद दुर्लभ है।
पशु चिकित्सकों का इस पर क्या कहना है?
पशु चिकित्सकों ने बताया कि यह जैविक विकृति (Biological Deformity) का मामला है। डॉक्टरों के अनुसार, कभी-कभी भ्रूण के असमान विकास या जुड़वां भ्रूण के अलग-अलग विकसित न हो पाने की वजह से इस तरह की संरचना बन जाती है। ऐसे केस बहुत कम देखने को मिलते हैं और यह पूरी तरह प्राकृतिक असामान्यता होती है।
स्थानीय लोगों में अब भी इस घटना की चर्चा जोरों पर है। गांव के लोगों का कहना है कि उन्होंने ऐसा दृश्य पहली बार देखा है।
