धमतरी। खुद को बजरंग दल का सदस्य और पुलिसकर्मी बताकर पिकअप वाहन को रोकने, मारपीट और अपहरण कर लूटपाट करने के मामले में मगरलोड पुलिस ने दो और फरार आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में ग्राम पाईकभाठा निवासी विकास आडिल 22 वर्ष और साहिल अली 23 वर्ष शामिल हैं। दोनों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया। पुलिस के अनुसार घटना 3 मार्च 2026 की है। छाती निवासी देवेन्द्र कुमार मारकण्डे अपने साथियों फगेश्वर कुमार, लक्ष्मण यादव, लीलेश कुमार और दुर्गेश कुमार के साथ पिकअप वाहन से बछड़ों को लेकर मुड़केरा जा रहे थे। इसी दौरान आलेखुंटा सिंगपुर मार्ग पर सफेद रंग की स्विफ्ट कार में सवार आरोपियों ने उनका रास्ता रोक लिया। आरोपियों ने खुद को बजरंग दल एवं पुलिसकर्मी बताकर उन्हें डराया धमकाया तथा गाली-गलौज और मारपीट की। आरोपियों ने देवेन्द्र कुमार का अपहरण कर उसे दुगली की ओर ले गए। रास्ते में उससे 13, 800 रुपए नगद तथा 30 हजार रुपए जबरन ट्रांसफर करवाए गए। इस तरह कुल 43, 800 रुपए की लूट की गई। शिकायत पर मगरलोड थाने में अपराध दर्ज कर विवेचना शुरू की गई।
मामले में पुलिस ने पहले 6 मार्च को ग्राम पाईकभाठा निवासी बजरंग दल और पुलिसकर्मी बनकर की वारदात ओमकार कुरें 40 वर्ष, चांद कुर्रे 19 वर्ष और राहुल कुर्रे 26 वर्ष को गिरफ्तार किया था। इनके कब्जे से घटना में प्रयुक्त स्विफ्ट कार करीब 7 लाख रुपए, दो मोबाइल फोन करीब 57 हजार रुपए और लूटी गई रकम में से 1 हजार रुपए नगद सहित कुल करीब 7.58 लाख रुपए की संपत्ति बरामद की गई थी। घटना के बाद विकास आडिल और साहिल अली फरार चल रहे थे। पुलिस द्वारा लगातार उनकी पतासाजी की जा रही थी। मुखबिर की सूचना और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर मगरलोड पुलिस ने दोनों की घेराबंदी कर उन्हें अभिरक्षा में लिया। पूछताछ में दोनों ने घटना में अपनी संलिप्तता स्वीकार की। पुलिस ने उनके मेमोरेंडम कथन के आधार पर लूट की रकम में बंटवारे से प्राप्त बची हुई नगद राशि भी बरामद कर जब्त की। दोनों आरोपियों के विरुद्ध धारा 126 (2), 127(2), 296, 115(2), 351(3), 140 (3), 310 (2) एवं 309(6) के तहत कार्रवाई की गई। पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद दोनों को गिरफ्तार कर प्रथम न्यायिक मजिस्ट्रेट, कुरुद के न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया। धमतरी पुलिस ने बताया कि मामले में शामिल सभी आरोपियों के विरुद्ध वैधानिक कार्रवाई जारी है तथा फरार आरोपियों की गिरफ्तारी और अपराधों पर नियंत्रण के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है।