यशवंत राव मेघा वाले कॉलेज में महर्षि वेदव्यास की जयंती मनाई

न्यूज | मगरलोड

यशवंत राव मेघावाले शासकीय कॉलेज मगरलोड में महर्षि वेदव्यास की जयंती पर पूजा कार्यक्रम हुआ। आयोजन राष्ट्रीय सेवा योजना और भारतीय शिक्षण मंडल छत्तीसगढ़ प्रांत के संयुक्त तत्वावधान में हुआ।

कार्यक्रम का संचालन डॉ. सुशीला साहू ने किया। आयोजन प्राचार्य डॉ. प्रभा वेरुलकर के मार्गदर्शन में हुआ। अतिथियों को पौधा देकर सम्मानित किया गया। मुख्य अतिथि सेवानिवृत्त प्राचार्य डॉ. चंद्रशेखर चौबे थे। उन्होंने गुरु-शिष्य परंपरा की महत्ता बताई। उन्होंने कहा कि भारत में यह परंपरा हजारों साल से चल रही है।
गुरु अपने ज्ञान को पूर्ण समर्पण से शिष्यों को देते हैं। शिष्य भी इस परंपरा को निभाते हैं। उन्होंने बताया कि महर्षि वेदव्यास ने वेदों का विभाजन किया, इसलिए उन्हें वेदव्यास कहा गया। महाभारत की रचना भी उन्होंने की। डॉ. चौबे ने चाणक्य और चंद्रगुप्त मौर्य, द्रोणाचार्य और अर्जुन के संबंधों का उदाहरण देकर गुरु-शिष्य के रिश्ते को समझाया।

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