यशवंत राव मेघावाले शासकीय कॉलेज मगरलोड में 12 जनवरी को राष्ट्रीय युवा दिवस को स्वदेशी संकल्प दिवस के रूप में मनाया गया। इस दौरान युवाओं के प्रेरणास्रोत स्वामी विवेकानंद की जयंती पर उनके प्रति प्रोफेसरों ने अपने विचार रखे।
प्राचार्य डॉ. प्रभा वेरुलकर के संरक्षण में तथा राष्ट्रीय सेवा योजना इकाई के कार्यक्रम प्रभारी डॉ. रमा चंद्राकर के नेतृत्व में आयोजित इस कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं एवं समाज में स्वदेशी अपनाने के प्रति जागरूक करना था। स्वदेशी संकल्प दिवस अंतर्गत स्वदेशी संकल्प दौड़ प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। छात्र-छात्राओं ने कॉलेज परिसर से मगरलोड बस स्टैंड तक लगभग 1 किमी की दौड़ लगाकर स्वदेशी अपनाने का संदेश लोगों तक पहुंचाया। इसके पश्चात आयोजित स्वदेशी सभा में स्वामी विवेकानंद के छायाचित्र पर माल्यार्पण एनएसएस स्वयंसेवकों ने किया।
प्राचार्य ने स्वामी विवेकानंद के जीवन से जुड़ी प्रेरक कथाओं के माध्यम से छात्र-छात्राओं को उनके आदर्शों, त्याग एवं समर्पण से परिचित कराते हुए स्वदेशी को आत्मसात करने का संदेश दिया। विशेष वक्ता डॉ. यशोदा साहू ने कहा कि युवा किसी भी राष्ट्र की आत्मा होती है और जब युवा स्वदेशी संकल्प से जुड़ते हैं, तब राष्ट्र आत्मनिर्भरता की ओर अग्रसर होता है।
निरूपा साहू ने युवाओं से नशामुक्त जीवन अपनाने एवं सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ने का आह्वान किया। केदारनाथ सोनी ने स्वदेशी व स्वरोजगार को विकसित भारत की आधारशिला बताया। दीपक कश्यप ने युवाओं को लक्ष्य पर केंद्रित रहकर निरंतर प्रयास करने की प्रेरणा दी। अंत में सभी को स्वदेशी संकल्प प्रतिज्ञा दिलाई गई। इस अवसर पर सहायक प्राध्यापक डॉ. घनश्याम देवांगन, कौसलेश कुमार ध्रुव, दिव्या देवांगन, अनीता साहू, डॉ. विनोद कुमार, सुषमा, नीरज कुमार, वर्षा यादव, दानेश्वर कुमार, केदारनाथ सोनी सहित छात्र-छात्रा उपस्थित थे।
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